Home राष्ट्रीय न्यूज फॉक्सवैगन, भारत में 7,600 करोड़ रुपये का निवेश करेगी

फॉक्सवैगन, भारत में 7,600 करोड़ रुपये का निवेश करेगी

by कार डेस्क
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जर्मन ऑटोमेकर, फॉक्सवैगन भारत में करीब 7,600 करोड़ रुपये (1 अरब यूरो) का निवेश करने की योजना बना रही है, ताकि देश में क्षमताओं के विस्तार के साथ नए मॉडल लॉन्च किए जा सकें। हाल के दिनों में भारत में कंपनी की बिक्री कम हुई है, जिसके कारण कंपनी को आने वाले वर्षों में अपनी भारत योजना पर काम करना पड़ रहा है।

फॉक्सवैगन ग्रुप द्वारा पुणे में चाकन में अपने मौजूदा विनिर्माण केंद्र की क्षमता बढ़ाने के लिए धन खर्च करने की अधिक संभावना है। इसके साथ ही, वे कंपनी के पोर्टफोलियो में नए वाहनों को जोड़ने के लिए नए उत्पादों को विकसित करने और उनके आगे के विकास के लिए एक इंजीनियरिंग केंद्र बनाने की भी योजना बना रहे हैं।

इसके अलावा, कंपनी जल्द ही भारतीय बाजार के लिए ईवीएस विकसित करने पर विचार कर रही है। वर्तमान में, फॉक्सवैगन इंडिया देश में फॉक्सवैगन पोलो, फॉक्सवैगन पसाट, फॉक्सवैगन जेट्टा, फॉक्सवैगन पोलो जीटी, फॉक्सवैगन टीगुआन आदि बेचती है।

चूंकि इसे प्रीमियम ब्रांड कहा जाता है, इसलिए इसके मॉडल लोकप्रिय ब्रांडों जैसे मारुति सुजुकी और ह्युंडई मोटर्स के ऊपर मौजूद हैं। एक दशक से अधिक समय तक देश में अपनी मौजूदगी के बावजूद, यह केवल 2% हिस्सेदारी हासिल करने में सफल रही है।

फॉक्सवैगन इंडिया, देश में अपने विकास के लिए नई रणनीतियां लागू करना चाहती है। हाल ही में, टाटा मोटर्स के साथ अपने संयुक्त सहयोग को शुरू होने से पहले ही रद्द कर दिया था। उन्हें यह महसूस हो गया है कि भारत एक उभरती हुई बाजार है, जहां बिक्री की दृष्टि से वाहन की परस्पर क्षमता बेहतर प्रदर्शन के लिए महत्वपूर्ण है। इसलिए, यह देश में सस्ती उत्पादों की नई लाइन अप लाने की योजना बना रही है। यह उत्पाद, एमक्यूबी-ए0 प्लेटफार्म पर आधारित हो सकते है और लागत को नियंत्रण में रखने के लिए घरेलू स्तर पर बनाए जाएंगे।

इससे पहले की नई एमक्यूबी-ए0 आधारित परियोजना 2022-23 तक पूरी तरह से आ जाए, फॉक्सवैगन ग्रुप वर्तमान में मौजूदा प्लेटफॉर्म को विकसित करने पर काम कर रही है।

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